Mukhyamantri Rajshri Yojana 2026: बेटियों के जन्म से लेकर 12वीं तक सरकार देगी ₹50,000, जानें कैसे उठाएं लाभ

Mukhyamantri Rajshri Yojana 2026: राजस्थान सरकार द्वारा प्रदेश की बेटियों के भविष्य को उज्जवल बनाने और समाज में बालिकाओं के प्रति सकारात्मक दृष्टिकोण विकसित करने के लिए मुख्यमंत्री राजश्री योजना 2026 (Mukhyamantri Rajshri Yojana) का संचालन किया जा रहा है। यह एक फ्लैगशिप योजना है जिसका लक्ष्य न केवल लिंगानुपात में सुधार करना है, बल्कि बालिकाओं के स्वास्थ्य और उनके शैक्षणिक स्तर को बेहतर बनाना भी है।

इस लेख में हम आपको बताएंगे कि आप मुख्यमंत्री राजश्री योजना ऑनलाइन फॉर्म कैसे भरें और इस योजना की विभिन्न किस्तों का लाभ कैसे उठाएं।

Mukhyamantri Rajshri Yojana 2026: राजश्री योजना की 6 किस्तें: देखें पूरी तालिका

किस्तसमय/अवधिसहायता राशि
पहली किस्तबेटी के जन्म के समय₹2,500
दूसरी किस्त1 वर्ष पूर्ण होने पर₹2,500
तीसरी किस्तकक्षा 1 में प्रवेश₹4,000
चौथी किस्तकक्षा 6 में प्रवेश₹5,000
पांचवीं किस्तकक्षा 10 में प्रवेश₹11,000
छठी किस्तकक्षा 12वीं उत्तीर्ण₹25,000

यह पूरी राशि सीधे लाभार्थी के माता के जन आधार (Jan Aadhaar) से जुड़े बैंक खाते में डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) के माध्यम से भेजी जाती है।

Rajshri Yojana Online Apply 2026

योजना की पहली और दूसरी किस्त का लाभ सामान्यतः चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग के माध्यम से स्वतः ही मिल जाता है। नए पंजीकरण के लिए rajshri yojana online registration through sso id के जरिए भी आवेदन प्रक्रिया पूरी की जा सकती है।

Mukhyamantri Rajshri Yojana 2026: आवेदन की प्रक्रिया (5 स्टेप्स)

  • फॉर्म डाउनलोड: शाला दर्पण या जन सूचना पोर्टल से फॉर्म प्राप्त करें।
  • विवरण भरें: व्यक्तिगत और विद्यालय का विवरण दर्ज करें।
  • दस्तावेज: जन्म प्रमाण पत्र, ममता कार्ड, और जन आधार संलग्न करें।
  • सत्यापन: संस्था प्रधान (School Principal) से फॉर्म सत्यापित कराएं।
  • सबमिशन: स्कूल प्रशासन द्वारा शाला दर्पण पोर्टल पर ऑनलाइन सबमिट करें।

⚠️ सुरक्षा और प्राइवेसी चेतावनी

मुख्यमंत्री राजश्री योजना के तहत मिलने वाली सभी किस्तों का वेरिफिकेशन और भुगतान पूरी तरह से मुफ्त है। बेटी की किस्त जल्दी पास कराने के नाम पर किसी भी दलाल को कोई नकद राशि न दें।

Mukhyamantri Rajshri Yojana 2026: पात्रता नियम

  • लाभ केवल 1 जून 2016 के बाद जन्मी बेटियों के लिए।
  • राजस्थान का मूल निवासी होना अनिवार्य।
  • परिवार की पहली दो जीवित संतानों तक सीमित।

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